भजन-35
दे दे दे दातेया
अपने दिल विच कोना
जी करे मैं वेखना
तेरा रूप सलोना
1. रोज सवेरे उठ के
मैं तेरी कुटिया आवा
सेवा पूजा करके मैं प्रभु तैनू रिझावां
आ जाए तेरे प्रेम में दाता हर पल रोना दे
दे..............
2. बैठ के तेरे अगे
अपने दुःख सुख खोला
आँखों के आँसू से तेरे चरणों को धो लू
आ जाए तेरे प्रेम में दाता हर पल रोना दे
दे.........
3. तेरी पूजा रोज करां
मैं दाता सतगुरु
दर तेरे ते मैं रोज आवां प्यारे गुरुवर
आ जाए तेरे प्रेम में दाता हर पल रोना दे
दे..........
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